बिलासपुर के निजी स्कूल में प्लस टू छात्र से बर्बरता, मामला पहुंचा थाना




अभिभावकों में आक्रोश, स्कूल प्रशासन की चुप्पी पर उठे सवाल



बिलासपुर

शिक्षा के मंदिर में हिंसा का घिनौना चेहरा सामने आया है। जिले के कंदरोर क्षेत्र स्थित एक निजी स्कूल में प्लस टू कक्षा के छात्र के साथ स्कूल इंचार्ज द्वारा डंडे से कथित रूप से मारपीट की गई। आरोप है कि छात्र को स्कूल लीविंग सर्टिफिकेट थमाकर गेट से बाहर कर दिया गया, और इसकी जानकारी उसके माता-पिता को तक नहीं दी गई।

यह घटना शुक्रवार शाम की बताई जा रही है। छात्र का कहना है कि दो छात्रों के बीच कहासुनी हुई थी, लेकिन स्कूल इंचार्ज पवन कुमार ने सिर्फ उसी के साथ मारपीट की। “डंडे से मारा गया, धमकाया गया और स्कूल से निकाल दिया गया,” छात्र ने रोते हुए कहा।

जब यह बात छात्र के माता-पिता को पता चली, तो वे बेटे को लेकर सीधे सदर थाना पहुंचे। थाने में माहौल तनावपूर्ण रहा। पुलिस ने तत्काल स्कूल के प्रधानाचार्य और स्कूल इंचार्ज पवन कुमार को बुलाकर दोनों पक्षों के बीच बातचीत शुरू करवाई।

अंदर की कहानी – दो छात्रों की बहस, एक पर गिरी गाज
सूत्रों के अनुसार, प्लस टू कक्षा के दो छात्र आपस में किसी बात को लेकर उलझ गए थे। इसके बाद स्कूल इंचार्ज ने सिर्फ एक छात्र पर कार्रवाई करते हुए उसके साथ कथित रूप से मारपीट की। इसके बाद छात्र को बिना कोई नोटिस दिए स्कूल लीविंग सर्टिफिकेट देकर निकाल दिया गया।

अभिभावकों ने की सख्त कार्रवाई की मांग
थाने में मौजूद छात्र के माता-पिता ने पुलिस के समक्ष मांग की कि स्कूल प्रशासन के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। “हमारे बेटे को पीटकर स्कूल से बाहर निकाल दिया गया, वो भी बिना किसी जानकारी या चेतावनी के। अगर यही शिक्षा है, तो इससे बड़ा दुर्भाग्य कुछ नहीं,” पिता ने कहा।

पुलिस कर रही मामले की जांच
सदर थाना प्रभारी ने बताया कि दोनों पक्षों से पूछताछ की जा रही है। “मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच जारी है। यदि छात्र के साथ मारपीट की पुष्टि होती है, तो कानूनी कार्रवाई की जाएगी।”


केंद्र सरकार के 11 वर्षों की उपलब्धियों पर शिमला में भाजपा की बैठक, डॉ. सिकंदर कुमार ने ऊर्जा क्षेत्र में बदलाव को बताया ऐतिहासिक




शिमला

भारतीय जनता पार्टी जिला शिमला की एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन शुक्रवार को दीप कमल, चक्कर स्थित भाजपा कार्यालय में किया गया। इस अवसर पर भाजपा प्रदेश महामंत्री एवं राज्यसभा सांसद डॉ. सिकंदर कुमार विशेष रूप से उपस्थित रहे। बैठक का मुख्य विषय केंद्र सरकार के 11 वर्षों की उपलब्धियों की समीक्षा रहा।

डॉ. सिकंदर कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने वैश्विक मंच पर एक नई पहचान बनाई है। उन्होंने बताया कि भारत हाल ही में जापान को पीछे छोड़ते हुए दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन गया है। वर्ष 2014 में जब नरेंद्र मोदी ने देश की बागडोर संभाली थी, तब भारत की जीडीपी जहां थी, आज वह दोगुनी से अधिक होकर 4.3 ट्रिलियन अमेरिकी डॉलर तक पहुंच गई है।
उन्होंने कहा कि यह आर्थिक प्रगति सुधारवादी नीतियों, आत्मनिर्भर भारत की भावना और ऊर्जा क्षेत्र में किए गए ऐतिहासिक बदलावों का परिणाम है। मोदी सरकार के तीसरे कार्यकाल के पहले वर्ष में ऊर्जा क्षेत्र ने एक संरचनात्मक परिवर्तन का अनुभव किया है, जो पिछले दस वर्षों के आधारभूत बदलावों पर आधारित है। डॉ. कुमार ने बताया कि भारत अब विश्व का तीसरा सबसे बड़ा ऊर्जा और तेल उपभोक्ता, चौथा सबसे बड़ा रिफाइनर और एलएनजी आयातक बन चुका है।

डॉ. सिकंदर ने कहा कि वर्ष 2047 तक भारत की ऊर्जा मांग में ढाई गुना वृद्धि होने की संभावना है और वैश्विक मांग में भारत की हिस्सेदारी 25 प्रतिशत तक पहुंचने की उम्मीद है। उन्होंने कहा, "ऊर्जा सुरक्षा ही विकास सुरक्षा है," और मोदी सरकार की ऊर्जा रणनीति इस सिद्धांत पर आधारित है, जो ऊर्जा के स्रोतों में विविधता, घरेलू उत्पादन के विस्तार, नवीकरणीय ऊर्जा की ओर संक्रमण और सामर्थ्य को केंद्र में रखती है।

तेल और गैस के क्षेत्र में विस्तार की बात करते हुए उन्होंने बताया कि अन्वेषण क्षेत्र वर्ष 2021 में 8 प्रतिशत था, जो 2025 तक दोगुना होकर 16 प्रतिशत हो गया है। सरकार का लक्ष्य 2030 तक एक मिलियन वर्ग किलोमीटर क्षेत्र को कवर करना है, ताकि लगभग 42 बिलियन टन तेल और तेल-समतुल्य गैस का अन्वेषण किया जा सके। उन्होंने यह भी कहा कि 'नो-गो' क्षेत्रों में 99 प्रतिशत की कटौती, ओएएलपी राउंड के माध्यम से लाइसेंस प्रक्रिया का सरलीकरण और नए गैस कुओं के लिए मूल्य प्रोत्साहन जैसी नीतियां इस दिशा में मील का पत्थर हैं।

बैठक में भाजपा जिला शिमला के पदाधिकारी और कार्यकर्ता भी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

NSUI की बड़ी नियुक्ति: घुमारवीं के निखिल चौधरी बने MediLeaders फार्मा कैडर के प्रदेश प्रभारी


छात्रहित में सक्रियता और नेतृत्व क्षमता को मिला सम्मान, क्षेत्र में खुशी की लहर

घुमारवीं

छात्र राजनीति में सक्रियता और प्रभावशाली नेतृत्व के लिए जाने जाने वाले घुमारवीं (भराड़ी) के युवा निखिल चौधरी को NSUI की मेडिकल विंग MediLeaders ने फार्मा कैडर का प्रदेश प्रभारी (State Incharge) नियुक्त किया है। यह नियुक्ति न सिर्फ निखिल चौधरी की व्यक्तिगत उपलब्धि है, बल्कि पूरे घुमारवीं क्षेत्र के लिए गर्व और प्रेरणा का विषय बन गई है।

NSUI द्वारा की गई इस अहम नियुक्ति को संगठनात्मक दृष्टि से एक मजबूत कदम माना जा रहा है, जिसका उद्देश्य फार्मा छात्रों की समस्याओं को प्राथमिकता देना और उन्हें एक सशक्त मंच प्रदान करना है। निखिल चौधरी पिछले कई वर्षों से छात्रहित से जुड़े मुद्दों को मजबूती से उठाते आ रहे हैं। उनकी बेबाक आवाज़ और ज़मीनी जुड़ाव ने उन्हें छात्रों के बीच एक लोकप्रिय चेहरा बना दिया है।

निखिल ने जताया आभार, दिखाया संकल्प

नई जिम्मेदारी मिलने के बाद निखिल चौधरी ने NSUI के शीर्ष नेतृत्व का आभार जताते हुए कहा:

> "मैं संगठन के इस विश्वास के लिए आभारी हूं। मेरा उद्देश्य फार्मा छात्रों की आवाज़ को हर मंच तक पहुंचाना, उनके अधिकारों की रक्षा करना और संगठन को हर कॉलेज व संस्थान तक विस्तार देना रहेगा।"



घुमारवीं में जश्न का माहौल

प्रदेश स्तर की इस महत्वपूर्ण नियुक्ति से निखिल के गृह क्षेत्र घुमारवीं में खुशी की लहर है। स्थानीय युवाओं और छात्र वर्ग ने इसे पूरे क्षेत्र के लिए गर्व की बात बताया है। विभिन्न छात्र संगठनों, राजनीतिक नेताओं व समाजसेवियों ने निखिल को बधाई देते हुए उनके उज्जवल भविष्य की कामना की है।

NSUI के इस कदम को छात्र राजनीति में एक नई ऊर्जा के रूप में देखा जा रहा है, जो आने वाले समय में फार्मा छात्रों की दिशा और दशा तय करने में निर्णायक भूमिका निभा सकता है।

बैहल में चल रही क्रिकेट प्रतियोगिता के दूसरे दिन पहुंचे एम्स बिलासपुर के रजिस्ट्रार राकेश कुमार सिंह का युवाओं ने किया जोरदार स्वागत, खेल भावना को सराहा



बिलासपुर

जिला बिलासपुर के बैहल गांव में रॉयल यूथ क्लब द्वारा आयोजित क्रिकेट प्रतियोगिता का आज दूसरा दिन था। प्रतियोगिता में खिलाड़ियों का उत्साह चरम पर रहा और दर्शकों की भारी भीड़ भी मैदान में उमड़ी।

इस अवसर पर विशेष रूप से एम्स बिलासपुर में रजिस्ट्रार के पद पर कार्यरत डॉ. राकेश कुमार सिंह बतौर मुख्य अतिथि पहुंचे। डॉ. सिंह ने युवाओं का हौसला बढ़ाया और आयोजन की सराहना करते हुए खेल को जीवन में अनुशासन और टीम भावना का प्रतीक बताया।

रॉयल यूथ क्लब के सदस्यों ने डॉ. राकेश कुमार सिंह का फूल मालाओं और तालियों के साथ गर्मजोशी से स्वागत किया। उनके साथ राजकुमार उर्फ पप्पू राजा, विजेंद्र वर्मा, रणवीर धीमान और अश्वनी शर्मा ने भी प्रतियोगिता में अपनी उपस्थिति दर्ज करवाई।

क्लब के सभी सदस्यों और क्षेत्र के क्रिकेट प्रेमियों ने डॉ. राकेश कुमार सिंह एवं उनके साथियों का तहे दिल से धन्यवाद और आभार व्यक्त किया।

प्रतियोगिता का समापन आगामी दिनों में फाइनल मुकाबले के साथ होगा, जिसमें जिलेभर की टीमों के बीच खिताबी भिड़ंत देखने को मिलेगी।

मोदी सरकार के 11 वर्ष पूर्ण होने पर पूरे प्रदेश में होंगे विविध कार्यक्रम, एक लाख से अधिक पौधारोपण का लक्ष्य

संकल्प से सिद्धि तक” अभियान से केंद्र सरकार की उपलब्धियों को घर-घर पहुंचाएगी भाजपा: कर्ण नंदा


शिमला 

भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश मीडिया प्रभारी कर्ण नंदा ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार के 11 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में “संकल्प से सिद्धि तक” कार्यक्रम के माध्यम से सरकार की नीतियों और उपलब्धियों को घर-घर तक पहुंचाया जाएगा।

नंदा ने कहा कि “9 जून 2025 को मोदी सरकार के 11 साल पूरे हो रहे हैं, जिसे ‘विकसित भारत का अमृतकाल – सेवा, सुशासन और गरीब कल्याण के 11 वर्ष’ के रूप में मनाया जाएगा। इस अवसर पर भाजपा पूरे देश और प्रदेश में कार्यक्रम आयोजित कर केंद्र सरकार की विकास यात्रा को जन-जन तक पहुंचाएगी।”

उन्होंने बताया कि इस अभियान के तहत 9 जून से 9 जुलाई तक "बदलता भारत" नाम से डिजिटल प्रतियोगिता चलाई जाएगी। साथ ही, 10 जून से 20 जून तक "विकसित भारत संकल्प सभाएं" आयोजित होंगी। 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस, 23 जून को डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी बलिदान दिवस, और 25 जून को आपातकाल के 50 वर्ष की स्मृति में कार्यक्रम होंगे।

इसके अलावा, 29 जून को प्रधानमंत्री मोदी के “मन की बात” कार्यक्रम को विशेष रूप से जनसंपर्क माध्यम बनाया जाएगा। अभियान में बूथ चौपाल, पंच प्राण प्रतिज्ञा संकल्प, आयुष्मान भारत योजना के तहत 70 वर्ष से अधिक आयु के बुजुर्गों को जोड़ने जैसे सामाजिक कार्यक्रम भी शामिल रहेंगे।

नंदा ने जानकारी दी कि “भाजपा ने प्रदेश के 8009 बूथों पर 11-11 पौधे लगाने का लक्ष्य तय किया है, जिससे कुल एक लाख से अधिक पौधे रोपे जाएंगे।” महासू जिला के लिए लक्ष्य 8008 से अधिक पौधों का है, जिसमें ठियोग विधानसभा क्षेत्र में 162, रामपुर में 156, जुब्बल-कोटखाई में 133, चौपाल में 152 और रोहड़ू में 125 बूथों पर पौधारोपण कार्यक्रम आयोजित होंगे।

उन्होंने कहा कि भाजपा “हर कार्यकर्ता के लिए काम और हर काम के लिए कार्यकर्ता” की नीति पर चलते हुए इस अभियान को सफल बनाएगी।

सुक्खू सरकार की गारंटियों पर खामोशी, जनता कर रही है इंतज़ार: जयराम ठाकुर


भाजपा की ठियोग बैठक में कांग्रेस सरकार पर जमकर बरसे नेता प्रतिपक्ष

शिमला 

भारतीय जनता पार्टी जिला महासू की बैठक का आयोजन ठियोग में किया गया, जिसकी अध्यक्षता जिला अध्यक्ष अरुण फालटा ने की। बैठक में नेता प्रतिपक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर मुख्य वक्ता के रूप में शामिल हुए। उनके साथ भाजपा प्रदेश मीडिया प्रभारी कर्ण नंदा, विधायक बलबीर वर्मा, चेतन ब्रागटा, प्रत्याशी अजय श्याम, शशि बाला, कौल नेगी, अनुसूचित जाति मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष राकेश डोगरा और 13 मंडल अध्यक्ष भी उपस्थित रहे।

बैठक को संबोधित करते हुए जयराम ठाकुर ने कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि "सुक्खू सरकार ने 1500 रुपये प्रति महिला देने की गारंटी के नाम पर सत्ता पाई, लेकिन अब जनता से 10-10 रुपये वसूल रही है। प्रदेश में टैक्स बढ़ाए गए हैं, बस किराए बढ़ा दिए गए हैं, और स्वास्थ्य सेवाएं बदहाल हो चुकी हैं।"

उन्होंने आरोप लगाया कि "आज हिमाचल की स्वास्थ्य व्यवस्था इस कदर चरमरा गई है कि प्रदेश में अब जांच की पर्ची के लिए भी 10 रुपये वसूले जा रहे हैं, जबकि पहले यह सेवा मुफ्त थी। एमआरआई, सीटी स्कैन और अल्ट्रासाउंड जैसी आवश्यक जांचों के लिए मरीजों को महीनों इंतजार करना पड़ रहा है।"

जयराम ठाकुर ने कहा कि "मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू को तब सुख की अनुभूति होती है जब वे कोई जन कल्याणकारी योजना बंद करते हैं। उनकी सरकार काम रोकने के लिए जानी जाएगी। जनमंच कार्यक्रम को लेकर वे बातें करते हैं, जबकि हम तो वहां सिर्फ दाल-रोटी खिलाते थे, आज तो कार्यक्रमों में जंगली मुर्गे परोसे जा रहे हैं।"

उन्होंने विमल नेगी की संदिग्ध मौत का मुद्दा भी उठाया और कहा कि "सरकार इस मामले में सीबीआई जांच से डर रही थी, लेकिन न्यायालय ने सरकार की चालें नाकाम कर दीं। अब जब जांच चल रही है तो सरकार के हाथ-पांव फूल रहे हैं।"

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार की उपलब्धियों पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि "मोदी के नेतृत्व में भारत ने वैश्विक स्तर पर चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था का स्थान हासिल किया है। धारा 370 की समाप्ति, तीन तलाक का कानून और राम मंदिर निर्माण जैसे ऐतिहासिक कार्य इसी शासन में संभव हो पाए।"

उन्होंने दावा किया कि यदि आज हिमाचल में चुनाव हो जाएं, तो भाजपा को प्रचंड बहुमत मिलेगा क्योंकि जनता कांग्रेस के शासन से पूरी तरह त्रस्त हो चुकी है।

आतंकवाद पर भारत के सख्त रुख को वैश्विक मंच पर रखने के लिए हिमाचल को अवसर देने पर मोदी जी का आभार: अनुराग ठाकुर


धर्मशाला 

हमीरपुर के सांसद और पूर्व केंद्रीय मंत्री अनुराग सिंह ठाकुर ने शनिवार को अपने दो दिवसीय हिमाचल दौरे के दौरान देहरा और नादौन में कार्यकर्ताओं व आमजन से मुलाकात कर जनसमस्याएं सुनीं। इस अवसर पर उन्होंने हाल ही में संपन्न चार देशों की विदेश यात्रा में भारत का पक्ष रखने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार जताया।

अनुराग ठाकुर ने कहा कि भारत की ओर से पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद पर वैश्विक मंचों पर आवाज उठाने के लिए गए सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल में उन्हें शामिल करना हिमाचल के लिए गर्व की बात है। उन्होंने बताया कि 24 मई से 5 जून तक कतर, दक्षिण अफ़्रीका, इथियोपिया और मिस्र की यात्रा के दौरान विभिन्न आधिकारिक बैठकों में भारत ने स्पष्ट किया कि आतंकवाद मानवता के लिए अभिशाप है और इसे किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

उन्होंने कहा, "भारत अब आतंकवाद पर ‘ज़ीरो टॉलरेंस’ की नीति के साथ कार्य कर रहा है। पाकिस्तान की सरकार और आतंकी संगठनों के बीच कोई अंतर नहीं रहा है। ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारत ने यह दिखा दिया कि आतंक का हर हमला अब करारा जवाब पाएगा।"

अनुराग ठाकुर ने पाकिस्तान पर सीधा हमला बोलते हुए कहा कि पिछले 30 वर्षों से पाकिस्तान आतंकवाद को पालता आ रहा है और वहां के अधिकारी, पुलिसकर्मी यहां तक कि नेता भी आतंकियों के अंतिम संस्कार में शामिल होते हैं। उन्होंने कहा, "भारत एक जिम्मेदार परमाणु शक्ति है और किसी भी धमकी से डरने वाला नहीं है। हमारे लिए सबसे पहले देश का स्वाभिमान और सम्मान है।"

उन्होंने यह भी कहा कि भारत एक बहुसांस्कृतिक और बहुभाषी देश है, जो विविधता का सम्मान करता है, लेकिन हमारी सहनशीलता को कमज़ोरी समझने की भूल न की जाए। वैश्विक मंच पर भारत की एकजुटता यह दिखाती है कि हम आतंकवाद के खिलाफ हर स्तर पर कार्रवाई के लिए प्रतिबद्ध हैं।

हिमाचल के सांसद केंद्र में साबित हुए फिसड्डी: संदीप सांख्यान


बिलासपुर में कांग्रेस नेता ने भाजपा और सांसदों पर साधा निशाना

बिलासपुर

प्रदेश कांग्रेस के पूर्व मीडिया कोऑर्डिनेटर संदीप सांख्यान ने कहा है कि हिमाचल से चुने गए लोकसभा और राज्यसभा के सातों सांसद केंद्र में प्रदेश का पक्ष रखने में विफल रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि ये नेता दिल्ली में हिमाचल की आवाज उठाने के बजाय खामोश बैठे हैं।

बिलासपुर में पत्रकारों से बात करते हुए सांख्यान ने कहा कि प्रधानमंत्री ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के प्रचार में व्यस्त हैं और हिमाचल के सांसदों की आवाज उनके सामने दब गई है। उन्होंने कहा कि हमीरपुर से पांच बार सांसद रहे अनुराग ठाकुर की राजनीतिक सक्रियता पर भी सवाल उठ रहे हैं क्योंकि भाजपा नेतृत्व ने उन्हें पहले ही किनारे कर दिया है।

सांख्यान ने कहा कि भाजपा के कुछ नेता देश की सेना और वीर बेटियों का अपमान कर रहे हैं, लेकिन पार्टी उन पर कोई कार्रवाई नहीं कर रही। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ‘ऑपरेशन सिंदूर’ जैसे अभियानों पर राजनीति कर रही है, लेकिन अब जनता सच्चाई जान चुकी है।

उन्होंने दावा किया कि हिमाचल की कांग्रेस सरकार बिना केंद्र की मदद के भी मजबूती से काम कर रही है और अपने तीन साल सफलतापूर्वक पूरे करने जा रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा ने प्रदेश सरकार को गिराने की कोशिश की, लेकिन जनता के समर्थन से सरकार डटी रही।

सांख्यान ने कहा कि अब प्रदेश की जनता आगामी पंचायत और नगर निकाय चुनावों में भाजपा को सबक सिखाएगी।

नाका बंदी के दौरान 29.32 ग्राम हेरोइन सहित दो युवक गिरफ्तार



बिलासपुर

विशेष अन्वेषण इकाई (SIU) ने आज नाका बंदी के दौरान 29.32 ग्राम हेरोइन बरामद करते हुए दो युवकों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपियों की पहचान पंकज कुमार (28 वर्ष), पुत्र अमर सिंह, निवासी गांव लूणा पानी, डाकघर भंगरोटू, तहसील बल्ह, जिला मंडी और आशीष (22 वर्ष), पुत्र मुरारी, निवासी गांव डोलख, डाकघर भंगरोटू, तहसील बल्ह, जिला मंडी के रूप में हुई है।

दोनों युवक मोटरसाइकिल (HP82-1341) पर सवार होकर आ रहे थे, जिन्हें बिश्वकर्मा मंदिर, बिलासपुर के पास नाका बंदी के दौरान रोका गया। तलाशी के दौरान उनके कब्जे से 29.32 ग्राम हेरोइन बरामद की गई।

पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आगे की जांच हेड कांस्टेबल लकींदर सिंह (नं. 34), जांच अधिकारी, पुलिस चौकी सिटी, बिलासपुर द्वारा की जा रही है।

इस कार्रवाई की पुष्टि डीएसपी बिलासपुर मदन धीमान ने की है।

सीर खड्ड में बढ़ता प्रदूषण चिंता का विषय, शांति सेवा समिति ने सरकार और प्रशासन से की सख्त कार्रवाई की मांग :अमरनाथ धीमान


सीर खड्ड में बढ़ते प्रदूषण को लेकर गहरी चिंता व्यक्त की

बिलासपुर


 पर्यावरण दिवस के अवसर पर शांति सेवा समिति के अध्यक्ष अमरनाथ धीमान ने सीर खड्ड में बढ़ते प्रदूषण को लेकर गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने प्रदेश सरकार और प्रशासन से अपील की है कि जल स्रोतों की स्वच्छता को प्राथमिकता दी जाए, क्योंकि “जल है तो कल है”।

अमरनाथ धीमान ने बताया कि सीर खड्ड, जो कि घुमारवीं और झंडूता विधानसभा क्षेत्रों की जीवन रेखा मानी जाती है, इन दिनों कूड़ा-कचरा और गंदगी से बुरी तरह प्रभावित हो रही है। उन्होंने कहा कि घुमारवीं के बाजार से निकलने वाला गंदा पानी सीधे सीर खड्ड में बहकर आ रहा है। खड्ड के किनारे लिफाफे, गिलास और अन्य प्लास्टिक कचरे का अंबार लगा है।

यह स्थिति चिंताजनक है क्योंकि यह खड्ड तकनीकी शिक्षा मंत्री श्री राजेश धर्माणी के घर के समीप बहती है, और बावजूद इसके किसी प्रकार की सफाई व्यवस्था या निगरानी नहीं की जा रही। धीमान ने आरोप लगाया कि पर्यावरण संरक्षण की बड़ी-बड़ी बातें केवल भाषणों तक सीमित रह गई हैं, जबकि ज़मीनी स्तर पर सुधार नहीं हो रहा।


उन्होंने आगाह किया कि यदि यही स्थिति बनी रही तो भविष्य में सीर खड्ड का पानी पीने योग्य नहीं रहेगा और इसमें रहने वाले जलीय जीवों का अस्तित्व भी खतरे में पड़ जाएगा। मछलियां, मेंढक और अन्य जलचर बुरी तरह प्रभावित हो सकते हैं।


अमरनाथ धीमान ने सरकार और जिला प्रशासन से अपील की है कि वे इस गंभीर मुद्दे पर संज्ञान लें और सीर खड्ड को प्रदूषित करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करें। उन्होंने कहा कि, “जो व्यक्ति जल को प्रदूषित करता है, वह समाज का दुश्मन है।”

स्वास्थ्य सेवाओं पर सरकार का तुगलकी फरमान: सदर विधायक त्रिलोक जमवाल ने जताई तीखी नाराज़गी


गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीजों, गर्भवती महिलाओं और दिव्यांगों तक से वसूला जा रहा शुल्क, सरकार को घेरा

बिलासपुर


प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं में लागू किए गए शुल्कों को लेकर सियासत गर्मा गई है। सदर से विधायक त्रिलोक जमवाल ने कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा है कि अस्पतालों में पर्ची बनाने से लेकर ईसीजी, एक्सरे और अल्ट्रासाउंड जैसे जांचों के लिए शुल्क वसूलने का निर्णय अमानवीय और जनविरोधी है। उन्होंने सरकार पर आरोप लगाया कि सुविधाओं में सुधार करने की बजाय अब जनता की जेब पर सीधा वार किया जा रहा है।

त्रिलोक जमवाल ने कहा कि प्रदेश के अस्पतालों में पहले से ही डॉक्टरों और संसाधनों की भारी कमी है। ऐसे में आम मरीजों पर अतिरिक्त वित्तीय बोझ डालना संवेदनहीनता की पराकाष्ठा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार ने कैंसर, किडनी, मानसिक रोगों, टीबी, एचआईवी से पीड़ित मरीजों, गर्भवती महिलाओं, बुजुर्गों, दिव्यांगों और यहां तक कि बाल सुधार गृह के बच्चों तक को नहीं बख्शा।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार की यह योजना केबिनेट सब-कमेटी की सिफारिश पर लाई गई है और अब मुख्यमंत्री रोगी कल्याण समितियों को ढाल बनाकर इससे पल्ला झाड़ने का प्रयास कर रहे हैं।

“मित्रों की सरकार कर रही जेब पर डाका”
त्रिलोक जमवाल ने कांग्रेस सरकार को 'मित्रों की सरकार' बताते हुए आरोप लगाया कि व्यवस्था परिवर्तन के नाम पर सत्ता में आई यह सरकार अब आम जनता की जेब पर डाका डालने में जुटी है। उन्होंने कहा कि पहले 10 रुपये की पर्ची के बिना डॉक्टर तक पहुंचना मुश्किल कर दिया गया है, और उसके बाद जांच के लिए अतिरिक्त शुल्क देना पड़ रहा है।

14 वर्गों की मुफ्त सुविधा की गई खत्म
जमवाल ने बताया कि पहले जिन 14 वर्गों को अस्पतालों में मुफ्त डायग्नोस्टिक सेवाएं दी जा रही थीं, उन्हें अब हटा दिया गया है। इनमें कैंसर व किडनी रोगी, गर्भवती महिलाएं, बुजुर्ग, टीबी और मानसिक रोगी, दिव्यांग, कैदी, आपदा पीड़ित, एचआईवी पॉजिटिव मरीज व बाल सुधार गृह के बच्चे शामिल हैं।

“पीड़ा में भी वसूली, मरीजों के घावों पर नमक”
विधायक ने कहा कि इलाज के लिए अस्पताल पहुंचने वाला हर मरीज दर्द में होता है और सरकार ने अब उनकी पीड़ा बढ़ाने का काम किया है। उन्होंने कहा, “सरकार की प्राथमिकता अब मरीजों की मदद करना नहीं, बल्कि उनसे पैसा वसूलना बन गई है। यह फैसला जख्मों पर नमक छिड़कने जैसा है।”



केंद्र की फ्री योजनाओं का हवाला
उन्होंने कहा कि एक ओर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ‘फ्री ड्रग पॉलिसी’ और ‘फ्री डायग्नोस्टिक इनिशिएटिव’ जैसी योजनाओं से जनता को राहत देने का प्रयास कर रही है, वहीं दूसरी ओर हिमाचल की कांग्रेस सरकार हर कदम पर जनविरोधी फैसले ले रही है।

“तुगलकी फरमान तुरंत वापस ले सरकार”
त्रिलोक जमवाल ने मांग की कि प्रदेश सरकार इस तुगलकी आदेश को तुरंत प्रभाव से वापस ले और रोगी कल्याण समितियों के नाम पर जिम्मेदारी से भागने की कोशिश न करे। उन्होंने चेतावनी दी कि जनता यह अन्याय सहन नहीं करेगी और यदि सरकार ने फैसला वापस नहीं लिया तो इसका करारा जवाब जनता देगी।

बिलासपुर में बद्दी यूनिवर्सिटी की प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित, शैक्षणिक सत्र 2025-26 के लिए प्रवेश प्रक्रिया शुरू



बिलासपुर


 बद्दी यूनिवर्सिटी ऑफ एमरजिंग साइंसेज़ एंड टेक्नोलॉजी, बद्दी (हिमाचल प्रदेश) ने सोमवार को बिलासपुर में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के डीन फार्मेसी डॉ. रवीनेश मिश्रा और मार्केटिंग एग्जीक्यूटिव रोहित भारद्वाज विशेष रूप से उपस्थित रहे। प्रेस वार्ता के दौरान उन्होंने बद्दी यूनिवर्सिटी की उपलब्धियों, पाठ्यक्रमों और आगामी शैक्षणिक सत्र 2025-26 की प्रवेश प्रक्रिया की जानकारी साझा की।

डॉ. मिश्रा ने बताया कि बद्दी यूनिवर्सिटी पिछले 23 वर्षों से गुणवत्तापूर्ण, नवाचार प्रेरित और उद्योगोन्मुखी शिक्षा प्रदान कर रही है। यह विश्वविद्यालय एशिया के सबसे बड़े फार्मास्यूटिकल हब, बद्दी में स्थित है। यहां इंजीनियरिंग, कंप्यूटर साइंस, फार्मेसी, प्रबंधन, कृषि, नर्सिंग, बेसिक साइंसेज़ और पैरामेडिकल जैसे क्षेत्रों में स्नातक और परास्नातक कोर्स संचालित किए जा रहे हैं।

उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय छात्रों को डिजिटली सक्षम कक्षाएँ, आधुनिक प्रयोगशालाएँ, अनुभवी फैकल्टी, "आइडिया फैक्टरी" जैसी इनोवेशन लैब्स, औद्योगिक भ्रमण और विशेषज्ञ व्याख्यान के माध्यम से व्यावसायिक ज्ञान उपलब्ध कराता है।

प्लेसमेंट के क्षेत्र में भी विश्वविद्यालय का प्रदर्शन सराहनीय रहा है। अब तक छात्रों को अधिकतम ₹18 लाख वार्षिक तक का पैकेज प्राप्त हुआ है, जबकि औसत पैकेज ₹5 से ₹6 लाख प्रतिवर्ष रहा है। ज़ायडस, टॉरेंट, सिप्ला, बेबो टेक्नोलॉजी, ग्लेनमार्क, इंफोसिस, विप्रो, टीसीएस, टीवीएस मोटर्स, फोर्टिस, मैकलॉड्स, सन फार्मा और डाबर जैसी नामी कंपनियाँ छात्रों को नियुक्ति दे चुकी हैं।

छात्रों की सुविधा हेतु विश्वविद्यालय में पृथक सुरक्षित छात्रावास, 24×7 वाई-फाई, लॉन्ड्री, आधुनिक कैंटीन और खेल परिसर भी उपलब्ध हैं। इसमें क्रिकेट स्टेडियम, फुटबॉल ग्राउंड, बास्केटबॉल व वॉलीबॉल कोर्ट समेत टेबल टेनिस, बैडमिंटन, शतरंज और कैरम जैसी इंडोर गेम्स की सुविधा शामिल है।

रोहित भारद्वाज ने बताया कि विश्वविद्यालय विभिन्न श्रेणियों के लिए छात्रवृत्तियाँ भी प्रदान करता है, जिनमें अकादमिक मेरिट, जेईई स्कोर आधारित, बीपीएल, कोविड पीड़ित, डिफेंस बैकग्राउंड, एकल बालिका, दिव्यांगजन और खेल कोटा आदि शामिल हैं।

बद्दी यूनिवर्सिटी एक ऐसा शिक्षण संस्थान है, जो केवल डिग्री प्रदान करने तक सीमित नहीं, बल्कि छात्रों को नवाचार, उद्यमिता और नेतृत्व कौशल से लैस कर एक उज्ज्वल करियर की ओर अग्रसर करता है।

प्रवेश प्रक्रिया से संबंधित अधिक जानकारी के लिए इच्छुक अभ्यर्थी टोल फ्री नंबर 1800-123-0927 या मोबाइल नंबर 8263843386 (रोहित भारद्वाज) पर संपर्क कर सकते हैं। विश्वविद्यालय की वेबसाइट www.baddiuniv.ac.in पर भी सभी विवरण उपलब्ध

एआईआईएमएस बिलासपुर में ‘म्यूजिक थेरेपी’ पहल, मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता को मिला बढ़ावा

बिलासपुर अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) बिलासपुर में छात्रों, संकाय सदस्यों एवं कर्मचारियों के मानसिक स्वास्थ्य को प्रो...