बिलासपुर
जिला मुख्यालय बिलासपुर स्थित बहुउद्देशीय सांस्कृतिक भवन में शुक्रवार को जिला स्तरीय विश्व रेड क्रॉस दिवस कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला रेड क्रॉस सोसाइटी के अध्यक्ष एवं उपायुक्त राहुल कुमार ने की। कार्यक्रम में विभिन्न सामाजिक संस्थाओं, स्वयंसेवकों, रेड क्रॉस सदस्यों, विद्यार्थियों तथा आम नागरिकों ने भाग लिया।
इस अवसर पर उपायुक्त राहुल कुमार ने कहा कि रेड क्रॉस केवल एक संस्था नहीं बल्कि मानवता, सेवा और समर्पण का जीवंत प्रतीक है। उन्होंने कहा कि विश्व रेड क्रॉस दिवस समाज के कमजोर और जरूरतमंद वर्गों तक सहायता पहुंचाने वाले मानवीय मूल्यों की याद दिलाता है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदाओं, सड़क दुर्घटनाओं, स्वास्थ्य संकटों और अन्य आपात स्थितियों में रेड क्रॉस सदैव अग्रणी भूमिका निभाता रहा है।
उन्होंने कहा कि रेड क्रॉस बिना किसी भेदभाव के मानव सेवा का कार्य करता है और समाज के प्रत्येक जरूरतमंद व्यक्ति तक सहायता पहुंचाने का प्रयास करता है। उपायुक्त ने युवाओं से समाज सेवा से जुड़ने तथा रेड क्रॉस और यूथ रेड क्रॉस की गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया।
राहुल कुमार ने रक्तदान को सबसे बड़ा मानव सेवा कार्य बताते हुए कहा कि एक यूनिट रक्त किसी व्यक्ति को नया जीवन दे सकता है। उन्होंने नियमित रक्तदाताओं की सराहना करते हुए कहा कि उनका योगदान समाज के लिए प्रेरणादायक है।
कार्यक्रम के दौरान उपायुक्त ने रेड क्रॉस प्रमोटर्स, सामाजिक संस्थाओं, स्वयंसेवकों तथा उत्कृष्ट कार्य करने वाले व्यक्तियों को सम्मानित किया। सम्मानित संस्थाओं में मानव सेवा ट्रस्ट, अपराजिता ऑर्गेनाइजेशन, श्री सत्य साईं सेवा संगठन, समर्थ्य हमारी पहचान, नया सवेरा दिव्यांग शिक्षा संस्थान, एकल महिला विकास एवं किसान कल्याण समिति हिमाचल प्रदेश, जन सेवा नारायण सेवा समिति गेहड़वीं सहित अन्य संस्थाएं शामिल रहीं।
इसके अतिरिक्त 31 एनजीओ, 5 जूनियर रेड क्रॉस इकाइयों, 25 यूथ रेड क्रॉस इकाइयों, 100 से अधिक बार रक्तदान करने वाले 5 रक्तदाताओं, 34 रेड क्रॉस स्वयंसेवकों तथा 10 दृष्टिबाधित दंपत्तियों को भी सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में जिला कल्याण अधिकारी रमेश बंसल, सचिव जिला रेड क्रॉस सोसायटी अमित कुमार, सुशील पुंडीर, सुरेश नड्डा, अरविंद, अरुण गौतम सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि एवं स्वयंसेवक उपस्थित रहे।